दक्षिण मुखी घर का वास्तु | Vastu for south facing house in hindi



क्या आप जानते हैं कि आपका घर किस दिशा में हैं? नही। चलिए हम आपकी मदद
किए देते हैं। कोई घर किस दिशा में हैं ये हमे घर के मुख्य द्वार की दिशा से पता
चल सकता है। इसके लिए आप अपने घर की तरफ मुंह करके खड़े हो जाइये और फिर अपने जेब से
कम्पास निकाले और दिशा का पता लगाए। अगर कम्पास आपको बता रहा है कि आपके घर का
मुख्य दरवाजा दक्षिण दिशा की और है तो इसका अर्थ है आपका घर दक्षिण मुखी है।




ऐसे कई लोग है जिन्हें लगता है दक्षिण दिशा की और मुख्य दरवाजा होना बुरा
या अशुभ होता है। ये जानकारी अधूरी है, पर हाँ अगर हम अपने घर में सुख समृधि चाहते
हैं तो घर का मुख्य दरवाजा सबसे उपयुक्त दिशा में स्थित होना चाहिए।
वास्तु के अनुसार आपका रहने का तरीका और आपके काम करना का तरीका होना
चाहिए। अगर आपका दक्षिण मुखी घर वास्तु के अनुसार अनुकूल बना है तो आपको
 आपको चिंता करने की कोई जरुरत नही है।  मान लीजिये आपके पास खूब सारा धन है और उसका
प्रवाह भी बना हुआ है पर आपके घर में आपके घर वालो की तबियत ठीक नही रहेती तो ये
संजोया हुआ धन उन बीमारियों के इलाज में ख़त्म हो जाएगा।
आपको जानकर ये तसल्ली मिलेगी कि  south facing house कई मायनों में
फायदेमंद साबित होता है यानि वास्तु के हिसाब से अगर दक्षिण दिशा की और वाला घर हो
तो कई बातो में अच्छा होता है। ऐसे घर में रहने वाले लोगो को व्यवसाय और करियर में
सफलता मिलेगी। उनके बच्चों का पढाई में मन लगेगा और उनका एकाग्रता का स्तर भी सुधरेगा।
इतना ही नही आपके घर में रहने वालो लोगो के बीच सम्बन्ध अच्छे बने रहेंगे।


115%;”>South facing house से सम्बंधित कुछ जरुरी बाते

  • दक्षिण दिशा
    वाले घरो में इस बात का ख़ास ध्यान रखना चाहिए कि उस घर का दक्षिण भाग ऊँचा हो।
    इससे उस घर में रहने वाले लोगो की सेहत अच्छी बनी रहेगी और वो सुखी जीवन
    जीएंगे।
  • वास्तु के
    अनुसार दक्षिण दिशा में स्थान ऊंचा बनाके उस जगह पर बेकार का सामान रखना शुभ
    माना जाता है।
  • अगर आपके घर में सभी दरवाजे दक्षिण
    दिशा में हैं तो ये आपके लिए अच्छा है। ऐसे घरो में हमेशा धन का प्रवाह बना
    रहता है और संपन्नता आती है।
  • वास्तु शास्त्र के अनुसार अगर
    दक्षिण हिस्से में जो कमरे हैं वो ऊँचे बनाए जाए तो उस घर में हमेशा ऐश्वर्य
    बना रहता है।
  • इस तरह के घर में पानी अगर उत्तर
    दिशा से होकर बाहर निकले तो ऐसा अच्छा और शुभ माना जाता है। ऐसे घर में रहने
    वाली महिलाओ की सेहत अच्छी रहती है।
  • अगर आपके घर में उत्तर दिशा की तरफ
    से निकासी नही हो सकती है तो आप इसकी व्यवस्था पूर्वी दिशा में कर दे। ऐसे घर
    में भी सब अच्छा होता है।
  • दक्षिण मुखी घर में अगर घर का दक्षिण हिस्सा नीचे है तो उस घर की
    महिलाओं का स्वास्थ्य ठीक नही रहता और कई बार ऐसे घर में कुछ दुर्भाग्यपूर्ण
    घटनाएँ हो जाती है।
  • दक्षिण मुखी घरो में अगर दक्षिण दिशा में कोई कुआँ है तो ये शुभ नही
    माना जाता है।
  • जैसा आप जानते है दक्षिण दिशा को यम का वास वाली दिशा माना जाता है,
    इसलिए जब भी घर बनवाए थोड़ी सी जगह छोड़ दे।
  • दक्षिण मुखी घर की चारदीवार घर की दीवार से ऊँची होनी चाहिए।
  • आप उस दिशा में आइना भी लगा सकते है। इससे घर में आने वाली नकारात्मक
    ऊर्जा पलटके वापिस चली जायेगी। आप इस दिशा में लाल रंग के खुशबूदार फूल लगाके
    भी वास्तु दोष दूर कर सकते है।
  • जब भी आप घर में बैठे दक्षिण की ओर आपकी पीठ हो और आपका मुंह उत्तर की
    और हो। ऐसा करने से आपको अपने पूर्वजो का आशीर्वाद मिलेगा।
  • दक्षिण दिशा की दीवारे मोटी बनाए और उसमें कोई खिड़की या वेंटीलेटर न
    बनाए।
  • इस दिशा में बड़े इंडोर प्लांट लगाए जैसे रबर प्लांट यां अम्ब्रेला
    ट्री लगाए वो भी बड़े से सीमेंट के गमलो में।
ये भी पढ़े   क्या आपके घर में भी तो नहीं है ये वास्तु दोष के लक्ष्ण ?

पर अगर वास्तु दोस्त कैसे हटाए 

यह भी पढ़े 




Tags: ,
Previous Post

कहीं दर्पण तो नहीं बना रहा आपकी सफलता की रूकावट | Vastu tips for mirror in hindi

Next Post
Vishnu Sahasranamam Stotram With Hindi Lyrics
स्तोत्र

विष्णु सहस्त्रनाम स्त्रोतम के लिरिक्स (हिंदी में ) Vishnu Sahasranamam Stotram With Hindi Lyrics

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *